पाठ बदला गया है
BNSS धारा 349 अब CrPC धारा 311A है
किसी व्यक्ति को नमूना हस्ताक्षर या लिखावट आदि देने का आदेश देने का मजिस्ट्रेट का अधिकार।
पुराना कानून
BNSS §349
किसी व्यक्ति को नमूना हस्ताक्षर या लिखावट आदि देने का आदेश देने का मजिस्ट्रेट का अधिकार।
यदि प्रथम श्रेणी का मजिस्ट्रेट संतुष्ट हो कि इस संहिता के अंतर्गत किसी जांच या कार्यवाही के प्रयोजनों के लिए किसी व्यक्ति, जिसमें आरोपी व्यक्ति भी शामिल है, को नमूना हस्ताक्षर, उंगलियों के निशान, लिखावट या आवाज का नमूना देने का निर्देश देना उचित है, तो वह इस संबंध में आदेश जारी कर सकता है और उस स्थिति में, जिस व्यक्ति के संबंध में आदेश जारी किया गया है, उसे ऐसे आदेश में निर्दिष्ट समय और स्थान पर उपस्थित होना होगा और अपने नमूना हस्ताक्षर, उंगलियों के निशान, लिखावट या आवाज का नमूना देना होगा।
बशर्ते कि इस धारा के तहत कोई आदेश तब तक नहीं दिया जाएगा जब तक कि संबंधित व्यक्ति को ऐसी जांच या कार्यवाही के संबंध में किसी समय गिरफ्तार न किया गया हो:
इसके अलावा, मजिस्ट्रेट लिखित रूप में दर्ज किए जाने वाले कारणों के आधार पर, किसी भी व्यक्ति को बिना गिरफ्तार किए ऐसा नमूना या सैंपल देने का आदेश दे सकता है।
पूरा पढ़ें: BNSS §349बशर्ते कि इस धारा के तहत कोई आदेश तब तक नहीं दिया जाएगा जब तक कि संबंधित व्यक्ति को ऐसी जांच या कार्यवाही के संबंध में किसी समय गिरफ्तार न किया गया हो:
इसके अलावा, मजिस्ट्रेट लिखित रूप में दर्ज किए जाने वाले कारणों के आधार पर, किसी भी व्यक्ति को बिना गिरफ्तार किए ऐसा नमूना या सैंपल देने का आदेश दे सकता है।
नया कानून
CrPC §311A
किसी व्यक्ति को नमूना हस्ताक्षर या लिखावट देने का आदेश देने का मजिस्ट्रेट का अधिकार।
1. यदि प्रथम श्रेणी का मजिस्ट्रेट संतुष्ट हो कि इस संहिता के अंतर्गत किसी जांच या कार्यवाही के प्रयोजनों के लिए किसी व्यक्ति, जिसमें आरोपी व्यक्ति भी शामिल है, को नमूना हस्ताक्षर या हस्तलेख देने का निर्देश देना उचित है, तो वह इस आशय का आदेश दे सकता है और उस स्थिति में जिस व्यक्ति से आदेश संबंधित है, उसे ऐसे आदेश में निर्दिष्ट समय और स्थान पर उपस्थित किया जाएगा या वह उपस्थित होगा तथा अपने नमूना हस्ताक्षर या हस्तलेख देगा:
बशर्ते कि इस धारा के तहत कोई आदेश तब तक नहीं दिया जाएगा जब तक कि संबंधित व्यक्ति को ऐसी जांच या कार्यवाही के संबंध में किसी समय गिरफ्तार न किया गया हो।]
पूरा पढ़ें: CrPC §311Aबशर्ते कि इस धारा के तहत कोई आदेश तब तक नहीं दिया जाएगा जब तक कि संबंधित व्यक्ति को ऐसी जांच या कार्यवाही के संबंध में किसी समय गिरफ्तार न किया गया हो।]
1 जुलाई 2024 से पहले दर्ज मामलों पर पुराना कानून लागू रहता है। यह जानकारी शैक्षिक है, कानूनी सलाह नहीं।

