पाठ लगभग अपरिवर्तित है
CrPC धारा 73 अब BNSS धारा 75 है
धारा 73. वारंट किसी व्यक्ति को निदिष्ट किया जा सकेगा
पुराना कानून
CrPC §73
धारा 73. वारंट किसी व्यक्ति को निदिष्ट किया जा सकेगा
73. वारंट किसी व्यक्ति को निदिष्ट किया जा सकेगा
(1) मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट या प्रथम वर्ग मजिस्ट्रेट किसी निकल भागे सिद्धदोष, उद्घोषित अपराधी या ऐसे व्यक्ति की, जिस पर किसी अजमानतीय अपराध का अभियोग है और जो गिरफ्तारी से बच रहा है, गिरफ्तारी के लिए वारंट अपनी स्थानीय अधिकारिता के भीतर के किसी व्यक्ति को निदिष्ट कर सकेगा।
(2) ऐसा व्यक्ति वारंट की प्राप्ति को लिखित रूप में अभिस्वीकार करेगा और यदि वह व्यक्ति, जिसकी गिरफ्तारी के लिए वह जारी किया गया था, उसके भारसाधन के अधीन की किसी भूमि या अन्य सम्पत्ति में है या उसमें प्रवेश करता है तो वह उसका निष्पादन करेगा।
(3) जब वह व्यक्ति, जिसके विरुद्ध ऐसा वारंट जारी किया गया है, गिरफ्तार कर लिया जाता है तब वह वारंट सहित निकटतम पुलिस अधिकारी के हवाले कर दिया जाएगा, जो उसे उस मामले में अधिकारिता रखने वाले मजिस्ट्रेट के समक्ष ले जाए जाने के लिए कार्रवाई करेगा, जब तक कि धारा 71 के अधीन प्रतिभूति न ले ली जाए।
पूरा पढ़ें: CrPC §73(1) मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट या प्रथम वर्ग मजिस्ट्रेट किसी निकल भागे सिद्धदोष, उद्घोषित अपराधी या ऐसे व्यक्ति की, जिस पर किसी अजमानतीय अपराध का अभियोग है और जो गिरफ्तारी से बच रहा है, गिरफ्तारी के लिए वारंट अपनी स्थानीय अधिकारिता के भीतर के किसी व्यक्ति को निदिष्ट कर सकेगा।
(2) ऐसा व्यक्ति वारंट की प्राप्ति को लिखित रूप में अभिस्वीकार करेगा और यदि वह व्यक्ति, जिसकी गिरफ्तारी के लिए वह जारी किया गया था, उसके भारसाधन के अधीन की किसी भूमि या अन्य सम्पत्ति में है या उसमें प्रवेश करता है तो वह उसका निष्पादन करेगा।
(3) जब वह व्यक्ति, जिसके विरुद्ध ऐसा वारंट जारी किया गया है, गिरफ्तार कर लिया जाता है तब वह वारंट सहित निकटतम पुलिस अधिकारी के हवाले कर दिया जाएगा, जो उसे उस मामले में अधिकारिता रखने वाले मजिस्ट्रेट के समक्ष ले जाए जाने के लिए कार्रवाई करेगा, जब तक कि धारा 71 के अधीन प्रतिभूति न ले ली जाए।
नया कानून
BNSS §75
वारंट किसी भी व्यक्ति को जारी किया जा सकता है।
(1) मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट या प्रथम श्रेणी का मजिस्ट्रेट अपने स्थानीय अधिकार क्षेत्र में किसी भगोड़े दोषी, घोषित अपराधी या किसी ऐसे व्यक्ति की गिरफ्तारी के लिए वारंट जारी करने का निर्देश दे सकता है, जिस पर गैर-जमानती अपराध का आरोप है और जो गिरफ्तारी से बच रहा है।
(2) ऐसा व्यक्ति वारंट की प्राप्ति को लिखित रूप में स्वीकार करेगा और यदि वह व्यक्ति जिसके लिए गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था, उसके प्रभार के अधीन किसी भूमि या अन्य संपत्ति में है या प्रवेश करता है, तो वह उसे निष्पादित करेगा।
(3) जब जिस व्यक्ति के विरुद्ध ऐसा वारंट जारी किया गया है, उसे गिरफ्तार किया जाता है, तो उसे वारंट सहित निकटतम पुलिस अधिकारी को सौंप दिया जाएगा, जो उसे मामले में अधिकार क्षेत्र रखने वाले मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करवाएगा, जब तक कि धारा 73 के तहत जमानत न ली जाए।
पूरा पढ़ें: BNSS §75(2) ऐसा व्यक्ति वारंट की प्राप्ति को लिखित रूप में स्वीकार करेगा और यदि वह व्यक्ति जिसके लिए गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था, उसके प्रभार के अधीन किसी भूमि या अन्य संपत्ति में है या प्रवेश करता है, तो वह उसे निष्पादित करेगा।
(3) जब जिस व्यक्ति के विरुद्ध ऐसा वारंट जारी किया गया है, उसे गिरफ्तार किया जाता है, तो उसे वारंट सहित निकटतम पुलिस अधिकारी को सौंप दिया जाएगा, जो उसे मामले में अधिकार क्षेत्र रखने वाले मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करवाएगा, जब तक कि धारा 73 के तहत जमानत न ली जाए।
1 जुलाई 2024 से पहले दर्ज मामलों पर पुराना कानून लागू रहता है। यह जानकारी शैक्षिक है, कानूनी सलाह नहीं।
